बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ योजना (BBBP) क्या है?
बेटी बचाओ बेटी पढ़ाओ (Beti Bachao Beti Padhao – BBBP) योजना भारत सरकार द्वारा 22 जनवरी 2015 को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा हरियाणा के पानीपत से शुरू की गई थी। इस योजना का मुख्य उद्देश्य देश में गिरते हुए बाल लिंगानुपात (Child Sex Ratio – CSR) को सुधारना और लड़कियों की शिक्षा को बढ़ावा देना है। यह योजना महिला एवं बाल विकास मंत्रालय, स्वास्थ्य मंत्रालय और शिक्षा मंत्रालय के संयुक्त प्रयास से चलाई जाती है।
योजना के प्रमुख उद्देश्य
- लिंग आधारित लिंग-चयनात्मक गर्भपात की रोकथाम: PCPNDT अधिनियम के कड़े क्रियान्वयन द्वारा।
- बालिकाओं की सुरक्षा: जन्म से लेकर शिक्षा तक हर स्तर पर।
- शिक्षा को प्रोत्साहन: बालिकाओं के नामांकन और उपस्थिति को सुनिश्चित करना।
- सुकन्या समृद्धि योजना: बालिकाओं के भविष्य के लिए उच्च-ब्याज बचत खाता।
सुकन्या समृद्धि योजना – BBBP का सबसे बड़ा आर्थिक लाभ
| विशेषता | विवरण |
|---|---|
| ब्याज दर (2026) | 8.2% (सरकार द्वारा निर्धारित, कर-मुक्त) |
| न्यूनतम जमा | ₹250 प्रति वर्ष |
| अधिकतम जमा | ₹1.5 लाख प्रति वर्ष |
| परिपक्वता अवधि | 21 वर्ष (बालिका के जन्म से) या 18 वर्ष की आयु पर विवाह के समय |
| टैक्स छूट | आयकर की धारा 80C के तहत पूर्ण कर छूट |
BBBP योजना के लिए पात्रता
| मापदंड | विवरण |
|---|---|
| लाभार्थी | 0-10 वर्ष की आयु की बालिकाएं (सुकन्या खाता खोलने के लिए) |
| निवास | भारत के किसी भी राज्य के नागरिक |
| परिवार की आय | कोई आय सीमा नहीं — सभी आर्थिक वर्गों के परिवार लाभ ले सकते हैं। |
सुकन्या समृद्धि खाता कैसे खोलें?
- अपने नजदीकी पोस्ट ऑफिस या किसी भी राष्ट्रीयकृत/अधिकृत प्राइवेट बैंक में जाएं।
- सुकन्या समृद्धि खाता खोलने का फॉर्म भरें।
- बालिका का जन्म प्रमाण पत्र, माता-पिता का आधार और पता प्रमाण जमा करें।
- न्यूनतम ₹250 की प्रारंभिक जमा राशि के साथ खाता खोलें।
- पासबुक प्राप्त करें और नियमित जमा शुरू करें।
अन्य राज्य स्तरीय बेटी योजनाएं
BBBP के अंतर्गत कई राज्यों ने अपनी अतिरिक्त बेटी कल्याण योजनाएं शुरू की हैं, जैसे राजस्थान की ‘मुख्यमंत्री राजश्री योजना’, मध्यप्रदेश की ‘लाड़ली लक्ष्मी योजना’, और हरियाणा की ‘आपकी बेटी, हमारी बेटी योजना’। ये सभी योजनाएं बेटियों के जन्म से शिक्षा तक विभिन्न चरणों में नकद प्रोत्साहन प्रदान करती हैं।